प्रतीकात्मक तस्वीर (Photo Credit – freepik.com)

कोरोना संक्रमित व्यक्ति के संपर्क में आए बिना लक्षण वालों का भी टेस्ट करें: दिल्ली एलजी

दिल्ली सरकार ने आईसीएमआर के दिशानिर्देशों में संशोधन करते हुए संक्रमित व्यक्ति के संपर्क में आए बिना लक्षण वाले लोगों की कोरोना जांच करने पर रोक लगा दी थी. The post कोरोना संक्रमित व्यक्ति के संपर्क में आए बिना लक्षण वालों का भी टेस्ट करें: दिल्ली एलजी appeared first on The Wire - Hindi.

दिल्ली सरकार ने आईसीएमआर के दिशानिर्देशों में संशोधन करते हुए संक्रमित व्यक्ति के संपर्क में आए बिना लक्षण एक सफल विकल्प व्यापारी के 3 लक्षण वाले लोगों की कोरोना जांच करने पर रोक लगा दी थी.

New Delhi: Lieutenant Governor of Delhi Anil Baijal at a Yoga related program at Lodhi Garden in New Delhi on Tuesday, June 19, 2018. (PTI Photo /Kamal Singh) (PTI6_19_2018_000037B)

दिल्ली के उपराज्यपाल अनिल बैजल. (फाइल फोटो: पीटीआई)

नई दिल्ली: दिल्ली के उपराज्यपाल अनिल बैजल ने आदेश दिया है कि कोरोना वायरस से संक्रमित व्यक्तियों के संपर्क में आए सभी व्यक्ति का टेस्ट किया जाए, चाहे उसमें लक्षण दिख रहे हों या नहीं.

उन्होंने कहा कि कोरोना टेस्टिंग को लेकर भारतीय चिकित्सा अनुसंधान परिषद (आईसीएमआर) के दिशानिर्देशों का सख्ती से पालन किया जाना चाहिए.

अनिल बैजल ने कोरोना महामारी को लेकर मंगलवार को हुई दिल्ली आपदा प्रबंधन अथॉरिटी (डीडीएमए) की बैठक की अध्यक्षता की. इसमें दिल्ली के उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया, स्वास्थ्य मंत्री सत्येंद्र जैन, कानून मंत्री कैलाश गहलोत और केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय के अधिकारी शामिल थे.

बैठक के बाद दिल्ली राज्यपाल ने कहा, ‘संक्रमित व्यक्तियों के संपर्क में आए लोगों का पता लगाया जाए और आईसीएमआर की कोविड-19 गाइडलाइन्स का सख्ती से पालन किया जाए. प्रोटोकॉल के तहत कोविड पॉजिटिव मरीजों को भर्ती करने की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए.’

आईसीएमआर की गाइडलाइन में कुल नौ तरह के लोगों का कोरोना टेस्ट करने को कहा गया है, जिसमें संक्रमितों के संपर्क आए सभी लोगों (बिना लक्षण वालों समेत) की जांच करने के भी निर्देश दिए गए हैं.

हालांकि दो जून को दिल्ली सरकार ने एक आदेश जारी कर इस प्रावधान में संशोधन कर दिया था और कहा था कि संक्रमितों के संपर्क में आए सिर्फ लक्षण वालों या हाइपरटेंशन, कैंसर जैसी गंभीर बीमारी से पीड़ित हाई रिस्क वाले लोगों की ही जांच होगी.

आईसीएमआर ने 18 मई 2020 को जारी अपने निर्देश में कहा था कि कोरोना संक्रमित व्यक्ति के सीधे संपर्क (एक ही घर में रह रहे लोगों) में आए और ज्यादा रिस्क वाले (डायबिटिक, हाइपरटेंशन, कैंसर मरीज और वरिष्ठ नागरिक) सभी लोगों का संपर्क में एक सफल विकल्प व्यापारी के 3 लक्षण आने के पांच से 10 दिन के भीतर एक बार जांच की जानी चाहिए.

कोरोना टेस्टिंग नीति में इस तरह का बदलाव करने के कारण राज्य सरकार की काफी आलोचना हो रही एक सफल विकल्प व्यापारी के 3 लक्षण है. मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल भी कई दिनों से इसकी वकालत कर रहे हैं कि बिना लक्षण वाले व्यक्ति कोरोना जांच न कराएं.

केजरीवाल ने कहा था, ‘ हम चाहे जितनी टेस्टिंग कैपेसिटी बढ़ा दें, अगर बिना लक्षण के मरीज टेस्ट करवाने पहुंच जाएंगे तो किसी न किसी गंभीर लक्षण वाले मरीज का टेस्ट उस दिन रुक जाएगा. इस बात को सभी को समझना बहुत जरूरी है. सिर्फ लक्षणों वाले मरीजों को ही टेस्ट करवाना चाहिए.’

हालांकि मुख्यमंत्री की इस दलील से विशेषज्ञ और प्रभावित लोग सहमत नहीं हैं. कोरोना पीड़ित परिवारों ने चिंता जाहिर की है कि यदि परिवार में कोई एक व्यक्ति कोरोना से संक्रमित हो जाता है तो अन्य सदस्यों की जांच करने की सख्त जरूरत हैं क्योंकि वे मरीज के काफी करीब हैं और उनमें भी संक्रमण होने का खतरा हर पल बना रहता है.

मालूम हो कि पिछले कुछ दिनों में दिल्ली में कोरोना संक्रमण के मामलों में काफी ज्यादा वृद्धि हुई है. इसके बावजूद दिल्ली सरकार जांच में कमी ला रही है. दिल्ली सरकार ने बीते आठ जून को सिर्फ 3700 लोगों का ही टेस्ट किया जबकि 29 मई के आंकड़ों के मुताबिक सरकार ने एक दिन में 7,649 टेस्ट किए थे.

दस संकेत जिनसे पता चल सकेगा आपके घर और दफ्तर में वास्तु दोष है या नहीं

दस संकेत जिनसे पता चल सकेगा आपके घर और दफ्तर में वास्तु दोष है या नहीं

वास्तु ऊर्जा एक अत्यंत सूक्ष्म ऊर्जा है, जिसका हमारे जीवन पर गहरा और दूरगामी प्रभाव पड़ता है। अगर आपके आसपास यह ऊर्जा सही मात्रा और दिशा में उपलब्ध हो तो आपके जीवन में इसका सकारात्मक असर होता है। इस असीम ऊर्जा को हम साक्षात देख तो नहीं पाते हैं लेकिन इसे अनुभव किया जा सकता है।

यह ऊर्जा अल्ट्रासाउंड और माइक्रोवेव तरंगों से भी ज्यादा सूक्ष्म होती है। जिसका प्रभाव देर से होता है पर गहरा होता है। हालांकि जब यह ऊर्जा सही दिशा में नहीं होती है तो हमें इसके दुष्परिणाम भी उठाने होते हैं।

k

फोटो साभार: param homes

इस लेख में हम समझने की कोशिश करेंगे कि वास्तु कैसे हमारे जीवन को प्रभावित करता है और घर या ऑफिस में वास्तु दोष होने के क्या लक्षण और संकेत हैं ?

1. ताजगी महसूस न होना

आप रोजाना रात को 7-8 घंटे की अच्छी नींद लेते हैं और आपकी दिनचर्या भी ठीक है। इसके बावजूद भी आप खुद को ऊर्जावान महसूस नहीं करते हैं। सुबह उठते ही थकावट और कमजोरी सी महसूस होती है। किसी काम में मन नहीं लगता है। चाय और कॉफी पीने से भी ताजगी का एहसास नहीं होता है, तो हो सकता है कि यह वास्तु दोष के कारण हो रहा है।

2. आरामदायक जोन से बाहर न निकल पाना

कई बार हम अपने आरामदायक जोन से इतने अभ्यस्त हो चुके होते हैं कि उससे बाहर नहीं निकल पाते है। मौजूदा व्यापार या व्यवसाय में लगातार नुकसान सहने या उसमें भविष्य न दिखने पर भी हम उसे छोड़ने का साहस नहीं जुटा पाते हैं। व्यक्तिगत या सार्वजनिक जीवन में किसी से कटु संबंध होने पर भी उस एक सफल विकल्प व्यापारी के 3 लक्षण रिश्ते से बाहर नहीं आ पाते हैं। इस स्थिति में हमारे अंदर जीवन में कुछ नया करने की ऊर्जा और प्रेरणा का अभाव हो जाता है। हम कठोर निर्णय नहीं ले पाते हैं।

3. तरक्की ठप हो जाना

कई लोग अपने काम में कुशल होते हैं और काम नियत समय पर पूरी ईमानदारी और पूर्णता के साथ करते हैं, लेकिन ऑफिस में बॉस से कभी उस काम की सराहना नहीं मिलती है, प्रोमोशन नहीं मिलता है। व्यापार करते हैं तो सब कुछ सही दिशा में होने पर भी तरक्की नहीं होती है। नौकरी या व्यापार में हर बार अच्छे अवसर हाथ से निकल जाते हैं और ऐसे लोग हमेशा पीछे रह जाते हैं। कई बार ऐसा वास्तु दोष के कारण होता है।

4. वित्तीय स्थिरता का अभाव

एक अच्छी नौकरी या अच्छा व्यवसाय है। हर महीने अच्छी खासी आमदनी होती है। घर परिवार का कोई जरूरी काम रुकता नहीं है। जीवन सही से चल रहा है, लेकिन पैसे नहीं बचते हैं। कोई बड़ा काम नहीं हो पाता है। भविष्य के लिए कोई निवेश नहीं हो पाता है। हर महीने कुछ न कुछ ऐसा हो जाता है जो सारी वित्तीय योजनाओं पर पानी फेर देता है।

5. बिना कारण अस्वस्थ्य रहना

कुछ लोग बिना किसी कारण के निरंतर बीमार रहते हैं। छोटी-मोटी बीमारियां भी उन्हें परेशान करती है। डॉक्टर न कोई बीमारी बताता है न कोई उपचार सुझा पाता है। ऐसी स्थिति में शरीर और मन-मस्तिष्क सभी बुझा-बुझा सा रहने लगता है। उनमें ऊर्जा और जोश का अभाव रहता है। वह खुलकर जिंदगी नहीं जी पाते हैं। कई अवसर पर ये किसी गंभीर वास्तु दोष के लक्षण होते हैं।

मध्यम उम्र की महिलाओं को फ्रैंचाइज़ व्यवसाय में इन बाधाओं का करना पड़ता है सामना

Nibedita Mohanta

विश्राम संबंधी छुट्टियां यानी लंबी छुट्टियां जैसे डिलीवरी के बाद लिया जाने वाले अवकाश के बाद महिलाओं के लिए मुश्किल हो जाता है एक बार फिर से अपना काम शुरू करना। जिस कारण अक्सर कुछ महिलाएं फ्रीलांसर नौकरियां या फ्रेंचाइज़ी के तौर पर काम करना शुरू कर देती है ताकि वे लचीले काम के घंटों के साथ अपनी व्यक्तिगत और प्रोफेशनल जिम्मेदारियों के बीच तारतम्य बिठा सकें।

पामेला बारनिस, सीईओ एंड प्रेसीडेंट आफ एनजेंडर हैल्थ ने कहा, 'सभी प्रोफेशनल और विशेष रूप से युवा महिलाओं के लिए अपने आरामदायक जोन से बाहर की दुनिया बहुत ही बड़ी और भयावह होती है। तब तक जब तक हम अपने आपको वहां से बाहर नहीं निकालते है और जोखिम नहीं लेते है। इसके बिना हम प्रोफेशनल सफलता को नहीं पा सकते है और अपनी क्षमता को नहीं समझ पाते है।'

महिलाएं जो 30-40 के आयुवर्ग की होती है अक्सर वे व्यवसाय में जोखिम लेने से घबराती है और इसका प्रभाव अप्रत्यक्ष रूप से व्यवसाय और उनके आत्म सम्मान पर पर पड़ता है। यहां पर हम कुछ बिंदुओं पर चर्चा कर रहें है कि हमें परेशानी को पहचानना चाहिए कि क्यों मध्यम आयु की महिलाएं जोखिम उठाने से घबराती है और वे कैसे अपने इस डर से बाहर निकल सकती है।

हथियार डालने के लक्षण

महिलाएं जो अपना व्यवसाय सबैटिकल छुट्टियों के बाद शुरू करती है, वे युवाओं को नियुक्त करती है,जोकि 20 से 30 साल के आयुवर्ग के होते है। ऐसा देखा गया है कि यह महिलाओं में हथियार डालने के लक्षण होते है और उनका आत्मविश्वास युवाओं के बीच घिरे रहने पर कम हो जाता है। इस मिथक/धारणा को तोड़ने के लिए महिलाओं को उनके साथ बात करनी चाहिए और हमेशा बॉस होने का दिखावा करने से बेहतर है कि वे अपने वहां पर स्वस्थ और खुशनुमा संबंध बनाने का प्रयास करें। इससे काम का वातावरण में भी सुधार आएगा और साथ ही एक-दूसरे की परेशानियों को समझने का अवसर भी मिलेगा।

सामाजिक दबाव

समाज ने यह धारणा बनाई हुई है कि केवल पुरूष ही अच्छे से व्यवसाय कर सकते है। यह लोगों के दिमाग में इतनी गहरी छाप छोड़ गया है कि जब कोई महिला अपना फ्रेंचाइज़ व्यवसाय शुरू करने का प्रयास करती है तब भी उसके दिमाग में यहीं बातें चल रही होती है। एक समय के बाद यह दबाव इतना ज्यादा बढ़ने लगता है कि यह व्यक्ति के आत्मसम्मान को तोड़ देता है। इसलिए महिलाओं को एक दूसरे को प्रेरित करना चाहिए ताकि वे इस सामाजिक दबाव से बाहर निकल सकें। लिंग समानता ने बहुत सी महिलाओं को रास्ता दिखाया है कि वे व्यवसाय में अपना कदम रखें और सफल बनें। महिलाओं को अपने पर काम करने की आवश्यकता है ताकि वे अपनी जगह या इलाके में और अपने बच्चों के लिए उदाहरण बन सकें। और इसे करने के लिए उन्हें अपने आत्मविश्वास को बनाने के लिए काम करना होगा और सबसे पहले अपनी प्राथमिकताओं को स्थापित करना होना।

खूंटे से बंधें न रहें

महिलाओं को ऐसा लगता है कि व्यवसाय में छोटे जोखिमों को एक सफल विकल्प व्यापारी के 3 लक्षण उठाने लिए उन्हें बड़ी राशि खर्च करनी पड़ सकती है। विशेषतौर पर सिंगल माताएं जिन्हें अपने व्यवसाय के साथ-साथ अपने पूरे परिवार की देखभाल करनी होती है। इसलिए वे किसी भी नए बदलाव या नयापन लाने के लिए थोड़े से पैसे खर्च करने में भी घबराती है। कुछ नयापन या कुछ बदलाव के लिए निवेश करना पड़ता है। हो सकता है कि यह बदलाव हर बार काम न करें मगर एक ही तरह की नीरसता आपके व्यवसाय के ग्राहकों को खो सकती है इसलिए एक बार छोटे जोखिम को उठाना महत्वपूर्ण है अगर आप एक सफल फ्रेंचाइज़ी बनना चाहते है।

आप के नजदीकी कॉल गर्ल का नंबर , कॉल गर्ल नाम और पता जाने | Call grilled number near me

Call girl ka number kaise nikale ? कॉल गर्ल का नंबर कैसे निकालें : दोस्तों यदि आप कुछ ऐसे नंबर पता लगा रहे हो. जिनसे आप बात करने के लिए इच्छुक हो खास तौर पर लड़की यदि एंड्रॉयड फोन चलाते हैं, तो वह अक्सर लड़कियों के नंबरों को पता लगाते रहते हैं. गूगल जैसी सर्च इंजन पर अक्सर पूछते रहते हैं कि कॉल गर्ल्स के नंबर कैसे प्राप्त करें.

कॉल गर्ल किसे कहते हैं बताइए, कॉल गर्ल लिस्ट मोबाइल नंबर, kisi ladki ka number kaise le sakte hain, ladki ka phone number kaise milega

हमारे आसपास की कॉल गर्ल के नंबर अथवा कॉल गर्ल का नंबर कैसे निकाले ? इसके अलावा किसी अनजान लड़की का नंबर कैसे प्राप्त करें ? call girl just dial phone number near. इस तरह से तमाम प्रश्न पूछ कर किसी अनजान लड़की के नंबर निकाल कर उनसे बात करने के यदि आप इच्छुक हैं, तो आप कॉल गर्ल्स के नंबर कैसे निकाले ?

आइए कॉल गर्ल का नंबर कैसे निकालें ? के आपको कुछ एक सफल विकल्प व्यापारी के 3 लक्षण टिप्स देते हैं. जिनके माध्यम से आप तमाम तरह के अनजान लड़कियों कॉल गर्ल्स के नंबर प्राप्त कर सकते हैं.

Number share and friend search for whats app

दोस्तों यदि आप किसी भी प्रकार की कॉल गर्ल का नंबर प्राप्त करना चाहते हैं, तो इसके लिए आपको Number share and friend search for whatsapp डाउनलोड कर ले. इसको ऐड करने के बाद आपको नीचे दिया एक सफल विकल्प व्यापारी के 3 लक्षण जा रहा है लिंग को पर जाना होगा. जहां पर आपको हजारों प्रकार की कॉल गर्ल्स के नंबर मिल जाएंगे. जिन्हें आप अपने व्हाट्सएप पर जोड़ कर चैटिंग कर सकते हैं.

chat sms message whatsapp

App link Install now

इस ऐप को डाउनलोड करने के बाद आपको अपना अकाउंट खोलना है. जिसमें मेल और फीमेल के ऑप्शन होंगे. आप अपने अनुसार ऑप्शन चुनकर अपना अकाउंट बनाना होगा. आपको अपना अकाउंट बनाने के बाद जैसे ही आप अपने व्हाट्सएप पर खोलेंगे आपको तमाम कॉल गर्ल्स के नंबर ऐड हुए मिल जाएंगे. इस प्रकार से आप हजारों प्रकार की लड़कियों के नंबर प्राप्त कर सकते हैं.

Skokka वेबसाइट से नजदीकी कॉल गर्ल का नंबर निकाले

इस वेबसाइट पर अनेकों धंधा करने वाली लड़कियों के नंबर मिल जाते हैं. जिन्हें हम कॉल गर्ल के नाम से जानते हैं. इस वेबसाइट पर विजिट करके आप अपने शहर के अनुसार अपने आसपास की लड़कियों के नंबर प्राप्त कर सकते हैं. सबसे पहले इस वेबसाइट पर आपको विजिट करना है.

sms

इस जानकारी को सही से समझने
और नई जानकारी को अपने ई-मेल पर प्राप्त करने के लिये OSir.in की अभी मुफ्त सदस्यता ले !

हम नये लेख आप को सीधा ई-मेल कर देंगे !
(हम आप का मेल किसी के साथ भी शेयर नहीं करते है यह गोपनीय रहता है )

▼▼ यंहा अपना ई-मेल डाले ▼▼

उसके बाद वहां पर आपको कई सारे विकल्प जैसे मेल. फीमेल. मैसेज. मीटिंग आदि दिखाई देते हैं. यहां पर अपनी अनुसार ऑप्शन चुनकर के विभिन्न प्रकार की कॉल गर्ल के नंबर व्हाट्सएप नंबर प्राप्त कर सकते हैं।

Girls WhatsApp Number

यही वेबसाइट एक प्रकार की कॉल गर्ल और धंधा करने वाली लड़कियों की वेबसाइट है. जिस पर बहुत सारा धोखाधड़ी का कार्य भी होता है. ऐसे में किसी भी प्रकार की वेबसाइट पर कॉल गर्ल के नंबर लेकर बात करने से पहले सावधान रहना जरूरी है.

whatsapp

भारत में ऐसी सारी वेबसाइट हैं. जिनसे कॉल गर्ल के नंबर प्राप्त किए जा सकते हैं. उनमें से Girls WhatsApp Number वेबसाइट भी है. जिस पर आप विभिन्न प्रकार की कॉल गर्ल्स के नंबर धंधा करने वाली लड़कियों के नंबर मिल जाते हैं.

Indian Girl Whats App Phone Number

कॉल गर्ल का नंबर कैसे निकालें ? इसके लिए आप बेवजह परेशान ना हो. क्योंकि ऐसी वेबसाइट है. फर्जी तरीके से बनाई होती हैं. जिन पर कोई हकीकत का डाटा नहीं होता है. आपको फर्जी तरीके से फंसाया जा सकता है. आपके यहां इंडियन गर्ल व्हाट्सएप फोन नंबर नाम की वेबसाइट है. जिस पर की काल गर्ल तथा धंधा करने वाली लड़कियों के फर्जी नंबर मिल जाएगा.

चेतावनी :

osir news

हम आपको यह बता दे कि वह गूगल पर ऐसी कोई वेबसाइट नहीं है, जो आपको सही तरीके से फोन नंबर उपलब्ध करा दें. जितनी भी वेबसाइट दिखाई है. वे सभी वेबसाइट एक प्रकार से आपको धोखाधड़ी का शिकार बनाती है. ऐसे में किसी भी प्रकार से किसी के चंगुल में फंसने से अच्छा है कि बेवजह कॉल गर्ल के नंबर प्राप्त करने की कोशिश ना करें.

यदि आपको हमारे द्वारा दी गयी यह जानकारी पसंद आई तो इसे अपने दोस्तों और परिचितों एवं Whats App और फेसबुक मित्रो के साथ नीचे दी गई बटन के माध्यम से अवश्य शेयर करे जिससे वह भी इसके बारे में जान सके और इसका लाभ पाये .

❤ क्योकि आप का एक शेयर किसी की पूरी जिंदगी को बदल सकता हैं ❤ और इसे अधिक से अधिक लोगो तक पहुचाने में हमारी मदद करे.

Pregnancy: महिला और पुरुष में क्या हैं बांझपन के कारण? जानिये सबकुछ ठीक होने के बावजूद क्यों नहीं हो पा रहीं प्रेगनेंट

Why Can’t I Get Pregnant?: तनाव, चिंता और अवसाद आपकी प्रजनन क्षमता और मासिक धर्म चक्र को प्रभावित करते हैं।

Pregnancy: महिला और पुरुष में क्या हैं बांझपन के कारण? जानिये सबकुछ ठीक होने के बावजूद क्यों नहीं हो पा रहीं प्रेगनेंट

प्रतीकात्मक तस्वीर (Photo Credit – freepik.com)

5 reasons why it is difficult to get pregnant: आज की व्यस्त जीवनशैली, तनाव और विभिन्न बायोलॉजिकल कारणों की वजह से महिलाओं को आसानी से गर्भधारण करने में समस्या हो रही है। आइए जानते हैं उन फैक्टर्स के बारे में जो गर्भधारण में बाधा बन रही हैं:

बांझपन की परिभाषा

एक साल तक लगातार बिना कंडोम या किसी अन्य गर्भनिरोधक के शारीरिक संबंध बनाने के बावजूद अगर 35 वर्ष से कम उम्र की महिला गर्भवती नहीं होती है, तो उसे बांझपन की श्रेणी में रखा जाता है। वहीं अगर 35 वर्ष या उससे अधिक एक सफल विकल्प व्यापारी के 3 लक्षण उम्र की महिला छह माह तक बिना सुरक्षा के संबंध बनाती है और गर्भधारण नहीं करती है, तब उसे भी बांझपन का शिकार माना जाता है।

10 से 15 प्रतिशत कपल इस समस्या एक सफल विकल्प व्यापारी के 3 लक्षण से प्रभावित हैं। आम तौर पर 50 प्रतिशत कपल तीन माह अनप्रोटेक्टेड संबंध बनाने और 80 से 85 प्रतिशत पहले एक वर्ष असुरक्षित यौन संबंध बनाने के बाद माता-पिता बन जाते हैं। बांझपन के लगभग एक तिहाई मामले पुरुषों से संबंधित हैं। इतना ही मामले महिलाओं से भी जुड़े हैं। शेष मामलों में बांझपन के अस्पष्ट कारण होते हैं।

सर्दी में इन 5 सब्जियों को भूलकर भी फ्रिज में नहीं रखें, बॉडी में ज़हर की तरह करती हैं असर, जानिए कैसे

Diabetes Control: डायबिटीज में मूंगफली खाना चाहिए या नहीं? इसका सेवन करने से ब्लड शुगर पर कैसा एक सफल विकल्प व्यापारी के 3 लक्षण असर पड़ता है एक्सपर्ट से जानिए

वजन संबंधी समस्याएं: महिला का वजन गर्भधारण को अवरुद्ध करने के सबसे सामान्य कारणों में से एक होता है। चाहे आपका वजन कम हो या अधिक वजन, दोनों ही आपकी गर्भधारण क्षमता और मासिक धर्म चक्र पर प्रतिकूल प्रभाव डालते हैं।

वजन को संतुलित रखने का यही तरीका है कि नियमित रूप से योग करें और टहलें। साथ ही जितना हो सके हेल्दी डाइट लेने की कोशिश करें। गर्भवती होने की इच्छा रखने वाली महिलाओं को हरी पत्तेदार सब्जियां, मौसमी फल और मेवे जरूर खाने चाहिए।

तनाव से रहे दूर: तनाव, एक सफल विकल्प व्यापारी के 3 लक्षण चिंता और अवसाद आपकी प्रजनन क्षमता और मासिक धर्म चक्र को प्रभावित करते हैं। तनाव से पुरुषों के शुक्राणुओं की संख्या कम होती है। तनाव को दूर करने के लिए मेडिटेशन करें। चिंता मुक्त सुखी जीवन जीने का प्रयास करें।

पॉलीसिस्टिक ओवरी सिंड्रोम (PCOS): वर्तमान में महिलाओं को गर्भधारण करने में मुश्किल की सबसे बड़ी वजह PCOS है। इस स्थिति में ओव्यूलेशन (हर महीने ओवरी से नॉर्मल अंडा निकलना) नहीं होता है। हर माह ओवरी से नॉर्मल अंडा निकले, इसके लिए खान-पान को दुरुस्त रखना जरूरी होता है। ओव्यूलेशन अन्य हार्मोनल विकारों, तनाव, मोटापा, मधुमेह, थायरॉयड एक सफल विकल्प व्यापारी के 3 लक्षण और हाइपरप्रोलैक्टिनीमिया से भी प्रभावित हो सकता है। बांझपन वाले 15 प्रतिशत कपल में ओवुलेटरी डिसऑर्डर पाया जाता है।

बढ़ती उम्र के साथ खत्म होते जाते हैं अंडे: जैसे-जैसे उम्र बढ़ती है, महिलाओं के शरीर में बनने वाले अंडों की गुणवत्ता और मात्रा कम होती जाती है। जन्म के समय, आपके पास लगभग 20 लाख अंडे होते हैं, युवावस्था तक पहुंचते-पहुंचते स्वाभाविक रूप से सैकड़ों हजारों अंडे नष्ट हो जाते हैं। 37 साल की उम्र के आसपास महिलाओं के अंडे खोने की दर तेज हो जाती है। समय के साथ अंडाशय में संग्रहीत अंडों की गुणवत्ता में भी गिरावट आती है। हालांकि अब एग-फ्रीजिंग का विकल्प उपलब्ध है।

पुरुषों में बांझपन के कारण: पुरुष के शुक्राणुओं की खराब गुणवत्ता और मात्रा या कम गतिशीलता महिलाओं को गर्भवती होने से रोक सकती है। शराब, धूम्रपान, नशीली दवाओं, तनाव का शुक्राणुओं के प्रोडक्टिविटी पर खराब असर पड़ता है। पुरुष में बांझपन कई कारणों से हो सकते हैं जिनमें, मधुमेह, यौन संचारित रोग के अलावा अस्वास्थ्यकर आदतें शामिल हैं। इसलिए पुरुष पार्टनर को एक स्वस्थ जीवन शैली बनाए रखनी चाहिए। पुरुष पार्टनर अपने स्पर्म काउंट की जांच के लिए डॉक्टर के पास भी जा सकते हैं।

रेटिंग: 4.16
अधिकतम अंक: 5
न्यूनतम अंक: 1
मतदाताओं की संख्या: 211